मंगल ग्रह पर हमारे जाने का सपना जरुरी क्यों है?

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कुछ लोगों को मंगल ग्रह पर जाने और वहां बस्तियां बसाने का विचार उपयोगी नहीं लगता. उन्हें लगता है कि मंगल पर बस्ती बनाना संभव नहीं है. हकीकत में मंगल पर बस्ती बनाकर रहना उतना ही कठिन है जितना अंटार्कटिका पर जाकर रहना या समुद्र की तलहटी पर जाकर रहना लेकिन हम वहां पर रहने में भी सफल हो चुके हैं. भारत में ही ऐसे कितने भूभाग हैं जहां रहने के बारे में कोई सोच भी नहीं सकता फिर भी वहां बहुत से लोग रहते हैं. हर दुर्गम व कठिन स्थान पर रहने के लिए हमें बहुत से उपाय और सावधानियां उठानी होती हैं. मंगल भी रहने के लिए बहुत सुंदर स्थान है हालांकि वहां सुंदर बादल, भीड़-भाड़ और खुशनुमा मौसम नहीं है.

मंगल पर जाकर बसने के पक्ष में बहुत से कारण गिनाए जा सकते हैं. मंगल पर रहने के संंबध में वैज्ञानिक कई किताबें लिख चुके हैं. यहां मैं आपको मंगल पर बसने के लिए सबसे बेहतरीन कारण सुझा रहा हूंः

यदि पृथ्वी किसी बड़े उल्कापिंड या क्षुद्रग्रह से टकरा जाए (इसकी संभावना हर समय बनी रहती है) तो हमें ऐसी स्थिति में किसी बैकअप प्लान के लिए तैयार रहना चाहिए. हम अपने बहुत से डेटा का हमेशा बैकअप लेते रहते हैं लेकिन हमारा सबसे बड़ा डेटा तो हम स्वयं हैं. हमारी प्रजाति और हमारे जीन्स का सुरक्षित रहना बहुत ज़रूरी है.हो सकता है कि मंगल पर वाकई किसी प्रकार के जीव रहते हों. ऐसे जीव वायरस या बैक्टीरिया जितने सूक्ष्म ही होंगे. अंतरिक्ष में पृथ्वी से बाहर ऐसे जीवन की खोज होना ही अपने आपमें बहुत बड़ी बात होगी और यह इतनी महत्वपूर्ण होगी कि हमें उसका अनुसंधान करने के लिए वहां जाना बहुत ज़रूरी हो जाएगा. वहां जाने में होने वाले खतरे को उठाने के लिए हमें तैयार रहना होगा भले ही मंगल हमें पूरी तरह से मृत ग्रह मिले.मंगल के उपग्रह फोबोस (Phobos) और डीमोस (Deimos) बहुत उपयोगी हैं. वे अंतरिक्षीय अनुसंधान और मंगल की सतह का अध्ययन करने के लिए बहुत उपयुक्त हैं. वे हमारे लिए मंगल तक पहुंचने की सीढ़ी हैं. वे मंगल ग्रह के पैकेज डील का ही एक भाग हैं.पृथ्वी की तुलना में मंगल ग्रह से अन्तरतारकीय यात्राएं करना बहुत आसान होगा. सबसे बड़ा लाभ तो यह होगा कि सूरज से दूरी अधिक होने के कारण हमें अधिक दूर जाने में कम ऊर्जा लगेगी. मंगल का गुरुत्व भी कम है जिससे वहां सतह पर अंतरिक्ष यान के पार्ट्स बनाकर बाह्य कक्षाओं तक पहुंचाना सरल होगा.मंगल पर स्पेस एलीवेटर बनाना संभव हो सकता है. यदि फोबोस और डीमोस के नष्ट हो जाने का भयानक खतरा न हो तो पृथ्वी पर यह काम करने से पहले मंगल पर इसकी टेस्टिंग हो जाएगी.मंगल पर जमीन की कमी नहीं है. असल में मंगल पर पृथ्वी से भी अधिक जमीन है क्योंकि पृथ्वी का बहुत बड़ा भूभाग समुद्रों से ढंका है. पृथ्वी पर जनसंख्या का हर सीमा पार कर जाने पर हमें लोगों को मंगल पर ही बसाना पड़ेगा. चंद्रमा पर मनुष्यों को बसाना बहुत कठिन है. इस काम के लिए मंगल अधिक उपयुक्त है. मनुष्यों की जीवन प्रत्याशा या लाइफ़ एक्सपेक्टेंसी बढ़ती जा रही है और हो सकता है कि कुछ दशकों या सदियों में हम अमरता या उस जैसी ही किसी दशा को पाने में सफल हो जाएं. ऐसी स्थिति में हम पृथ्वी पर इतने सारे मनुष्यों को कैसे रख पाएंगे?मंगल पर जाकर बसने का सबसे अच्छा कारण यह है कि … मंगल वहां हमारे सामने मौजूद है. यह मंगल पर जाने का सबसे अच्छा कारण है. जब हम किसी जगह पर सबसे पहले जाते हैं तो हम उसके बारे में अच्छे से जानने लगते हैं. इतना ही नहीं बल्कि हम स्वयं के बारे में और अपनी प्रजाति के बारे में और अधिक जानने लगते हैं. हम उन चीजों और सीमाओं की खोज करते हैं जिनके बारे में हमने कभी सोचा भी नहीं था. क्या किसी अनजानी जगह पर जाने का यह सबसे अच्छा कारण नहीं है?हमारा मंगल ग्रह पर जाने का सपना जरुरी क्यों है ?

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