दुनिया के रहस्यमई जगह

दुनिया में कुछ जगह ऐसी होती है जो बहुत ही रहस्य  से भरी होती  है। आपने दुनिया के 7 अजूबों के बारे में तो सुना होगा लेकिन हम आज आप कुछ ऐसा ही 7 रहस्यमई जगहों के बारे में बता रहे हैं। जो बेहद खूबसूरत और आश्चर्यचकित कर देने वाली है।

कुछ जगह तो ऐसी है जो समुद्र की गहराई में बसी हुई है। तो कुछ दूर रेगिस्तान में खूबसूरत और आश्चर्यचकित कर देने वाली है।

समुद्र में गुफाएं

ऐसे ही एक जगह है जो अमेरिका की सबसे बड़ी झील में स्थित अपोस्टल आइलैंड है। 22 दीपों का समूह है।इन्हें ज्वेल्स ऑफ लेक सुपीरियर भी कहा जाता है झील में ऊंची ऊंची लहरों से बनी नोकीले चट्टानों का खूबसूरत नजारा देखते ही बनता है । झील के किनारे के इन चट्टानों के ऊपर पौधे की सैकड़ों प्रजातियां हैं।

ऊंची ऊंची लहरें जब इन के किनारे मौजूद चट्टानों से टकराती है तो कालांतर में धीरे धीरे कई रहस्मय तरीके से गुफाएं उभरकर आती है जो बेहद खूबसूरत और आश्चर्यचकित कर देने वाली है।

सफेद संगमरमर का मंदिर

भारत के राजस्थान राज्य में स्थित यह मंदिर बेहद खूबसूरत सफेद संगमरमर से बना मंदिर है। राजस्थान का राणकपुर जैन मंदिर जैन धर्म के पांच प्रमुख तीर्थ स्थलों में से एक है रणकपुर का जैन मंदिर खूबसूरत नक्काशी और पत्नी प्राचीनता के लिए पूरे दुनिया में प्रसिद्ध है यह जैन तीर्थंकर आदिनाथ जी का समर्पित है इसकी गणना भारत के सबसे विशाल और खूबसूरत जैन मंदिरों में होती है।

कहां जाता है इस मंदिर का निर्माण 15 वीं शताब्दी में राणा कुंभा के शासनकाल में हुआ था और इन्हीं के नाम पर इस जगह का नाम रणकपुर पड़ा । जनकपुर में एक चतुर्मुखी जैन मंदिर है, जो भगवान ऋषभदेव को समर्पित है । इसके अलावा संगमरमर के टुकड़े पर भगवान ऋषभदेव के पदचिन्ह भी है । जो भगवान ऋषभदेव तथा शत्रुंज कि शिक्षा की याद दिलाती है । माना जाता है कि 1446 विक्रम सावंत में इस मंदिर का निर्माण कार्य शुरू हुआ था जो लगभग 50 वर्षों तक चला इसके निर्माण में करीब 9900000 रुपए का खर्च आया था मंदिर में चार प्रवेश द्वार हैं मुख्य ग्रह में तीर्थंकर आदिनाथ की संगमरमर की चार विशाल मूर्तियां है करीब 72 इंच ऊंची यह मूर्तियां चार अलग-अलग दिशाओं की ओर उन्मुख है।

मंदिर की मान्यता है कि मंदिर में प्रवेश करने से मनुष्य जीवन मृत्यु की 84 योनियों से मुक्ति प्राप्त करके मोक्ष की प्राप्ति कर लेता है।

तिब्बत का पौराणिक पहाड़

हालांकि पूर्व के संस्कृति में माउंट कैलाश काफी विख्यात है 6600 मीटर ऊंची कैलाश पर्वत पश्चिमी देशों के लोगों के लिए भी किसी रहस्य से कम नहीं है कैलाश पर्वत को भगवान शिव का निवास स्थान भी माना जाता है और यहां से चिंटू ब्रह्मपुत्र गंगा की सहायक नदियों के उद्गम स्थल के निकट है।

अबू धाबी का रेतीला समुंदर

दुनिया की सबसे बड़ी खाली जगह रेत के यह समुद्र सऊदी अरब से लेकर यमन ओमान और संयुक्त अरब अमीरात तक फैले हुए हैं।